आप जानते हैं कि Computer एक मशीन है जो कि बिजली पर निर्भर है। अगर उसको बिजली दी जाए तो काम करेगा वरना उसको भी मजबूरन अपना हाथ खींचना पड़ेगा। कंप्यूटर के कई भाग होते हैं और यह अलग अलग Device’s से मिलकर काम को अंजाम देता है। Keyboard, Mouse इसके मुख्य उदाहरण हैं और इसमें कंप्यूटर की कोई गलती नहीं है बल्कि हमें Keyboard or Mouse की जरूरत होती है इसलिए उनको कंप्यूटर के साथ जोड़ना जरूरी हो जाता है।
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Computer एक electronic machine है जो user से data को input के रूप में ग्रहण करती है व process करती है तथा उसके बाद Meaningful information को output के रूप में display करती है। Computer में इन सभी कार्यों को पूरा करने के लिए किसी एक component का प्रयोग नहीं किया जाता है बल्कि इसके लिए अलग अलग उपकरणों (device) का प्रयोग किया जाता है। इसलिए हम सोचने लगते हैं कि कंप्यूटर के अंदर ऐसा क्या है जो मनुष्य के दिमाग की तरह work करता है। इस कारण हमें यह जानना आवश्यक हो जाता है कि कंप्यूटर की आंतरिक संरचना कैसी है और कंप्यूटर के इंटरनल स्ट्रक्चर में अलग अलग डिवाइसेज एक साथ मिलकर किस प्रकार कार्य करते हैं।
कंप्यूटर की संरचना और कार्य को विस्तार से समझाइये। Computer Structure in Hindi
हमने आपको ऊपर भी बता दिया था की कंप्यूटर की आंतरिक संरचना में विभिन्न प्रकार के डिवाइस मिलकर कार्य करते हैं। इसलिए इस में प्रयोग किए जाने वाले उपकरणों को कार्य के आधार पर चार Units में divide किया गया है।
- Input Unit
- Output Unit
- Memory Unit
- Processing Unit
1. इनपुट यूनिट क्या है? What is Input Unit.
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Keyboard:
Mouse:
जैसा कि इसके नाम से पता लग रहा है ठीक माउस के जैसे ही इसकी आकृति होती है। माउस हथेली के आकार के समान छोटा सा box होता है। इसकी ऊपरी सतह पर तीन बटन लगे हुए होते हैं व निचली सतह पर एक छोटा सा लेंस लगा होता है। जब Mouse को समतल सतह पर घुमाया जाता है तो एक pointer Monitor screen या LED Screen पर घूमता है। जिस दिशा में हम mouse को सरकाते हैं उसी दिशा में mouse pointer जाता है। Mouse के ऊपर की तरफ तीन buttons होते हैं जिनमें से Left Side वाले Button का प्रयोग Computer को निर्देश देने के लिए किया जाता है तथा बीच वाला पहिये के आकार जैसा बटन का प्रयोग Documents को ऊपर व निचे करके देखने के लिए किया जाता है। Right Side वाले Button पर Click करने पर हमारे सामने Target File, Icon या Folder की Command List Show होती है। जिसमे से सम्बंधित command को चुनकर Computer को निर्देश दिया जाता है।
2. आउटपुट यूनिट क्या है? What is Output Unit.
Output Unit के अंतर्गत वे सभी Device आते हैं जिनका प्रयोग Processing से पहले और Processing के बाद सुचना निर्देशों तथा Results को permanent या temporary रूप से देखने के लिए किया जाता है। सामान्यतः output के रूप में काम आने वाले उपकरणों में Monitor, Printer, Delineator आदि मुख्य हैं। आउटपुट यूनिट Devices को दो भागों में बांटा जा सकता है। आइये जानते हैं की output unit उपकरण कितने प्रकार के होते हैं।
आउटपुट यूनिट के प्रकार । Type of Output Unit.
- Soft copy output device
- Hard copy output device
Soft Copy Output Device
इस Category में उन उपकरणों को सम्मलित किया जाता है जिनमे Power OFF हो जाने पर सुचना समाप्त हो जाती है। यानि इन Devices में सुचना तब तक दिखाई देती है जब तक Power ON है। इस Category की मुख्य Device, visual display unit (V.D.U.) है। VDU कंप्यूटर से जुड़े Monitor को कहा जाता है। Monitor एक Cable द्वारा CPU से जुड़ा होता है। Monitor Screen पर सूचनाओं को मेट्रिक्स के रूप में display किया जाता है। matrix को Simple words में Table कहते हैं। Monitor Screen पर Phosphorus का लेप किया जाता है। Monitor Screen में 24 Line तथा 80 Columns होते हैं। LCD के बारे में तो आप अच्छी तरह जानते होंगे। LCD की Screen पर Liquid (द्रव्य पदार्थ) भरा होता है। कई बार आपने देखा होगा की LCD की Screen पर ऊँगली से दबाने पर हम उसमे भरे हुए Liquid को महसूस कर सकते हैं। इसका प्रयोग Simple Personal Computer एवं Laptop Computer में किया जाता है।
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Hard Copy Output Device
हार्ड कॉपी उपकरण वे उपकरण होते हैं जो हमे स्थायी(permanent) Output Provide करते है। इनमे Printer व Plotter मुख्य रूप से होते हैं। ऐसी डिवाइस को Peripheral device कहा जाता है। Because इनका प्रयोग Computer System को चलाने के लिए आवश्यक नहीं होता है। लेकिन Information को paper पर print करने के लिए इन Device का उपयोग किया जाता है। Printer का प्रयोग अक्सर Hard Copy Output प्राप्त करने के लिए किया जाता है। इनको भी सामान्य रूप से तीन Parts में Divide किया जा सकता है जिनको हमने इस पोस्ट में Mention किया है। इस पोस्ट को पूरा पढने के बाद आप इस लिंक पर क्लिक करके Printers के बारे में जानकारी ले सकते हैं। आइये अब Next Unit के बारे में बात करते हैं।
3. मेमोरी यूनिट क्या है? What is Memory Unit.
Memory Unit Computer system की वह इकाई है जो input unit द्वारा input किये गए Data को data पर processing करने से पहले व Processing के दौरान तथा Processing के बाद स्थायी या अस्थायी रूप से Store करके रखती है। यदि हम Computer में Data flow देखें तो data input unit में प्रवेश करते हैं तथा प्रोसेसिंग से पहले व प्रोसेसिंग के बाद कंप्यूटर की memory में स्थायी या अस्थायी रूप से स्टोर रहते हैं। यहाँ से memory के data display करने के लिए Output Unit को भेज दिया जाता है।
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4. Processing Unit क्या है?
Computer System में क्रिया से related सभी operation processing unit द्वारा किये जाते हैं। जैसे की Mathematical व Logical actions करना, computer की अन्य units को Controlled करना आदि ये सभी कार्य कंप्यूटर सिस्टम में जिस part द्वारा किये जाते हैं उसे C.P.U. यानि Central Processing Unit कहा जाता है। अब अगर C.P.U. का नाम आ ही गया है तो आइये थोडा ज्ञान इसके बारे में भी ले लेते हैं।
Central Processing Unit (C.P.U.) किसे कहते हैं?
जिस प्रकार मानव शरीर में सोचने, समझने, विचारने की क्रिया करने तथा शरीर को कंट्रोल करने से सम्बंधित सभी काम मष्तिस्क (Brain) द्वारा किये जाते है। उसी प्रकार कंप्यूटर सिस्टम में भी क्रियाएँ करने के लिए तथा सभी डिवाइस को नियत्रित करने के कार्य भी C.P.U. के द्वारा ही किये जाते हैं। इसलिए CPU को Computer का मष्तिष्क यानि कंप्यूटर का दिमाग कहा जाता है। ये बहुत सारे Components से मिलकर बना होता है। जैसे की Control unit, Arithmetical and logical unit, Register Counters आदि। खास तौर पर इसके दो मुख्य पार्ट Control unit व Arithmetical and logical unit होते हैं। आइये अब हम इनके बारे में भी discus करते हैं।
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Arithmetic and Logical Unit क्या है?
Arithmetic and Logical Unit को हम Short में A.L.U. कहते हैं। A.L.U. Central Processing Unit का वह Part है जो Computer System में Actual Calculations करता है। A.L.U. Computer System में Mathematical तथा तुलना से Related Operation करने में capable होती है। ALU द्वारा द्वारा गणितीय क्रियाएँ करते समय data तथा निर्देश मुख्य memory व A.L.U. के बीच प्रवाहित होते रहते हैं। Processing के दौरान उत्पन्न किये गए Results मुख्य memory में स्थायी रूप में रख दिए जाते हैं तथा आवश्यकत पड़ने पर इन्हें दोबारा मुख्य memory से Arithmetic and Logical Unit में भेज दिया जाता है। इस प्रकार data तथा निर्देश जिनकी प्रोसेसिंग के दौरान अधिक आवश्यकता होती है। इनको ALU अपनी Storage unit में स्टोर करके रखती है जिन्हें Register के Name से जाना जाता है। Processing complete होने के बाद results मुख्य memory में Transfer कर दिए जाते हैं। जहाँ से इन्हें Output के लिए Output Unit के पास भेज दिया जाता है।
Control Unit क्या काम आती है?
The End.
क्या बात है Computer की संरचना के बारे में पढ़कर प्रत्येक आदमी सोचने पर मजबूर हो जाता हैं की इतने सारे Device की खोज करना फिर उनको काम करने के लायक बनाना आसान काम नहीं है। जिन लोगों ने भी Computer System को बनाया होगा उनको इसको बनाने में बहुत ज्यादा दिमाग का इस्तेमाल करना पड़ा होगा। Computer Structure और Computer कैसे काम करता है। इसके बारे में समझना वर्तमान समय में बहुत Easy है। लेकिन जिस समय Computer की शुरुआत हो रही होगी उस समय Scientist को बहुत मेहनत करनी पड़ी होगी। Computer में हमारी Files को Store करके रखना तथा पुनः उनको प्राप्त कर लेना कितना गजब खेल है। बहुत शानदार है और बहुत मजा आया होगा आपको भी यह पढ़कर, अगर आपको यह लेख पसंद आया हो तो इसे Social Media पर Share करें। Article में कहीं पर भी किसी Word को समझने में Problem आये या कोई भी सुझाव देना चाहते हैं तो Comments करें। Good Luck!
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